Showing posts with label दाद-खाज खुज़ली(Ringworm). Show all posts
0 comment
Friday, 31 May 2013
0 comment
Saturday, 23 March 2013
नीम तेल
दाद, खाज, खुजली तथा
चर्म रोग पर लगायें ,कुष्ठ-
रोग, विषमज्वर, फिलपाँव,
सड़े घाव तथा आमवात
में 5 से 10 बूंद प्रयोग करे।
(1) Product Name :- Achyutaya Neem Tel
(2) Quantity :- 100 ml
(3) Direction For Use :- Gently massage over affected part OR as directed by physician.
(4) Benefits :- Useful in skin infestation viz. ringwarm(Tinea cruries, Tinea capitis, Tinea barbae), scabies & alopecia, eczema, idiopathic age related itching.
(5) Main Ingredientns :- Azadirachta Indica (Neem tel).
0 comment
Saturday, 16 March 2013
अच्युताय मलहम (Achyutaya Malham)
पैरों की कटी-फटी एड़ियों एवं दाद,खाज खुज़ली के लिए अत्यधिक लाभप्रद है ।
(1)Product Name :- Achyutaya Malham
(2)Quantity :- 50 g.
(3)Direction For Use :- Apply locally twice or thrice in a day over the affected part gently.
(4)Benefits :- Useful in cracked soles, eczema, ring worm(tinea cruris), scabies etc.
(5)Main Ingredients :- Azadirachta Indica (Neem), Borex(tankan), Sulphur(gandhak), oil base q.s.
0 comment
Tuesday, 26 February 2013
एक्जिमा (Eczema) की प्राकर्तिक चिकित्सा
एक्जिमा रोग शरीर की त्वचा को प्रभावित करता है और यह एक बहुत ही कष्टदायक रोग है। यह रोग स्थानीय ही नहीं बल्कि पूरे शरीर में हो सकता है।
एक्जिमा रोग होने के लक्षण :-
- जब यह रोग किसी व्यक्ति को हो जाता है तो उसके शरीर पर जलन तथा खुजली होने लगती है। रात के समय इस रोग का प्रकोप और भी अधिक हो जाता है।
- एक्जिमा रोग से प्रभावित भाग में से कभी-कभी पानी अधिक बहने लगता है और त्वचा भी सख्त होकर फटने लगती है। कभी-कभी तो त्वचा पर फुंसिया तथा छोटे-छोटे अनेक दाने निकल आते हैं।
- एक्जिमा रोग खुश्क होता है जिसके कारण शरीर की त्वचा खुरदरी तथा मोटी हो जाती है और त्वचा पर खुजली अधिक तेज होने लगती है।
एक्जिमा रोग होने के कारण:-
- एक्जिमा रोग अधिकतर गलत तरीके के खान-पान के कारण होता है। गलत खान-पान की वजह से शरीर में विजातीय द्रव्य बहुत अधिक मात्रा में जमा हो जाते हैं।
- कब्ज रहने के कारण भी एक्जिमा रोग हो जाता है।
- दमा रोग को ठीक करने के लिए कई प्रकार की औषधियां प्रयोग करने के कारण भी एक्जिमा रोग हो जाता है।
- शरीर के अन्य रोगों को दवाइयों के द्वारा दबाना, एलर्जी, निष्कासन के कारण त्वचा निष्क्रिय हो जाती है जिसके कारण एक्जिमा रोग हो जाता है।
- औषधियों के द्वारा एक्जिमा रोग का कोई स्थायी इलाज नहीं हैं, लेकिन प्राकृतिक चिकित्सा के द्वारा एक्जिमा रोग पूरी तरह से ठीक हो सकता है।
- एक्जिमा रोग में सबसे पहले रोगी व्यक्ति को गाजर का रस, सब्जी का सूप, पालक का रस तथा अन्य रसाहार या पानी पीकर 3-10 दिन तक उपवास रखना चाहिए। फिर इसके बाद 15 दिनों तक फलों का सेवन करना चाहिए और इसके बाद 2 सप्ताह तक साधारण भोजन करना चाहिए। इस प्रकार से भोजन का सेवन करने की क्रिया उस समय तक दोहराते रहनी चाहिए जब तक की एक्जिमा रोग पूरी तरह से ठीक न हो जाए।
- इस रोगी से पीड़ित रोगी को फल, हरी सब्जी तथा सलाद पर्याप्त मात्रा में सेवन करने चाहिए तथा 2-3 लीटर पानी प्रतिदिन पीना चाहिए।
- एक्जिमा रोग से पीड़ित रोगी को नमक, चीनी, चाय, कॉफी, साफ्ट-ड्रिंक, शराब आदि पदार्थों का सेवन नहीं करना चाहिए।
- प्राकृतिक चिकित्सा के अनुसार एक्जिमा रोग से पीड़ित रोगी को शाम के समय में लगभग 15 मिनट तक कटिस्नान करना चाहिए। इसके बाद पीड़ित रोगी को नीम की पत्ती के उबाले हुए पानी से स्नान करना चाहिए। इस पानी से रोगी को एनिमा क्रिया भी करनी चाहिए जिससे एक्जिमा रोग ठीक होने लगता है।
- सुबह के समय में रोगी व्यक्ति को खुली हवा में धूप लेकर शरीर की सिंकाई करनी चाहिए तथा शरीर के एक्जिमा ग्रस्त भाग पर कम से कम 2-3 बार स्थानीय मिट्टी की पट्टी का लेप करना चाहिए। जब रोगी के रोग ग्रस्त भाग पर अधिक तनाव या दर्द हो रहा हो तो उस भाग पर भाप तथा गर्म-ठंडा सेंक करना चाहिए।
- प्राकृतिक चिकित्सा के अनुसार एक्जिमा रोग से पीड़ित रोगी को सप्ताह में 1-2 दिन भापस्नान तथा गीली चादर लपेट स्नान करना चाहिए। स्नान करने के बाद रोगग्रस्त भाग की कपूर को नारियल के तेल में मिलाकर मालिश करनी चाहिए या फिर सूर्य की किरणों के द्वारा तैयार हरा तेल लगाना चाहिए। रोगी व्यक्ति को इस उपचार के साथ-साथ सूर्यतप्त हरी बोतल का पानी भी पीना चाहिए।
- नीम की पत्तियों को पीसकर फिर पानी में मिलाकर सुबह के समय में खाली पेट पीना चाहिए जिसके फलस्वरूप एक्जिमा रोग धीरे-धीरे ठीक होने लगता है।
- प्राकृतिक चिकित्सा के अनुसार सूत्रनेति, कुंजल तथा जलनेति करना भी ज्यादा लाभदायक है। इन क्रियाओं को करने के फलस्वरूप एक्जिमा रोग कुछ ही दिनों में ठीक हो जाता है।
- रोगी व्यक्ति को प्रतिदिन सुबह के समय में उपचार करने के साथ-साथ हलासन, मत्स्यासन, धनुरासन, मण्डूकासन, पश्चिमोत्तानासन तथा जानुशीर्षसन क्रिया करनी चाहिए। इससे उसका एक्जिमा रोग जल्दी ही ठीक हो जाता है।
- एक्जिमा रोग को ठीक करने के लिए नाड़ी शोधन, भस्त्रिका, प्राणायाम क्रिया करना भी लाभदायक है। लेकिन इस क्रिया को करने के साथ-साथ रोगी व्यक्ति को प्राकृतिक चिकित्सा से उपचार भी करना चाहिए तभी एक्जिमा रोग पूरी तरह से ठीक हो सकता है।
- एक्जिमा रोग से पीड़ित रोगी को प्राकृतिक चिकित्सा से इलाज कराने के साथ-साथ कुछ खाने पीने की चीजों जैसे- चाय, कॉफी तथा उत्तेजक पदार्थ का परहेज भी करना चाहिए तभी यह रोग पूरी तरह से ठीक हो सकता है।
- एक्जिमा रोग को ठीक करने के लिए हरे रंग की बोतल के सर्यूतप्त नारियल के तेल से पूरे शरीर की मालिश करनी चाहिए और धूप में बैठकर या लेटकर शरीर की सिंकाई करनी चाहिए। इससे एक्जिमा रोग कुछ ही दिनों में ठीक हो जाता है।
- इस रोग से पीड़ित रोगी को आसमानी रंग की बोतल का सूर्यतप्त जल 28 मिलीलीटर की मात्रा में प्रतिदिन कम से कम 8 बार पीना चाहिए तथा रोगग्रस्त भाग पर हरे रंग का प्रकाश कम से कम 25 मिनट तक डालना चाहिए। इस प्रकार से कुछ दिनों तक उपचार करने से एक्जिमा रोग कुछ ही दिनों में ठीक हो जाता है।
Labels
- 1.AP (74)
- 1.Fruits and Other Food items for Health (42)
- 1.Helpful Tips(उपयोगी युक्तियाँ (4)
- 1.Homoeopatic Medicine (2)
- 1.Quote(सूक्तियाँ) (4)
- 1.आयुर्वेदिक जड़ी बूटीयाँ( Ayurvedic Herbs) (15)
- 1.ऋतुचर्या(Season Diet) (7)
- 1.क्या करे क्या ना करे(Kya Kare Kya Na Kare) (30)
- 1.मंत्र विज्ञान(Mantra Vigyan) (10)
- 1.मुद्रा(Mudra) (11)
- 1.योग और प्राणायाम(yog and pranayam) (11)
- 1.योगासन(Asanas) (22)
- 1.रोग और निदान(Disease and Diagnosis) (79)
- 1.वास्तु विज्ञान(Vastu Vigyan) (17)
- 1.स्वरोदय विज्ञान(Swroday Vigyan) (18)
- Articles (106)
- Food Supplements (5)
- अतिसार(Diarrhea) (1)
- अनिद्रा (Insomnia) (1)
- अरुचि (anorexia) (5)
- अर्क(Ark) (6)
- अवसाद (Depression) (1)
- आंख(eye) (6)
- आयुर्वेदिक वटी (Tablets) (19)
- उच्चरक्तचाप(hypertension) (2)
- एड्स (AIDS) (1)
- एसिडिटी(acidity) (2)
- कब्ज(Constipation) (5)
- कान(ear) (1)
- कृमि नाशक(Worm Killer) (1)
- कैंसर (cancer) (5)
- कोलेस्ट्रोल(Cholesterol) (1)
- क्षय रोग (Tuberculosis) (1)
- खांसी(cough) (2)
- खीलें (Pimples) (1)
- गठिया (Arthritis) (6)
- गर्भपोषक (2)
- गले के रोग (Diseases of the throat) (1)
- गैस(gas) (9)
- घुटने का दर्द (knee pain) (4)
- चूर्ण(Churna) (11)
- जलन(irritation) (2)
- जोड़ों के दर्द(Joint Pain) (5)
- ज्वर (Fever) (2)
- डायबिटीज(Diabetes) (2)
- त्रिदोष नाशक(tridosha destructor ) (3)
- त्वचा विकार (skin disorders) (8)
- थकावट(exhaustion) (8)
- दमा(asthma ) (6)
- दाँत(teeth) (3)
- दाँतों का दर्द(Dental Pain) (2)
- दाद-खाज खुज़ली(Ringworm) (4)
- नाक(Nose) (1)
- पित्त(Bile) (8)
- पीलीया( Piliya) (8)
- पौष्टिक (nutritious) (15)
- फटी एड़ियाँ(cracked soles) (1)
- फिनायल(Phenyle) (1)
- बदहजमी(indigestion) (3)
- बलप्रद (17)
- बवासीर(Piles) (2)
- बाल (hair) (5)
- भस्म (Mineral Compound) (3)
- मिर्गी(Epilepsy) (5)
- मूत्र-सबंधी विकार (7)
- मोच (Sprain) (2)
- यकृत(Liver) (1)
- रक्त विकार(blood disorders) (4)
- रक्त शुद्धक(purifies blood) (6)
- रक्तचाप(blood pressure) (1)
- रक्ताल्पता(anemia) (4)
- लिवर(Liver) (9)
- विष(Poison) (5)
- वीर्यदोष (5)
- वीर्यवर्धक (16)
- शर्बत(Sharbat) (4)
- शीतल(Cold) (6)
- श्वासनली(respiratory) (2)
- सफाई(cleaning) (1)
- सर का दर्द(Headache) (1)
- सिर की रुसी( Dandruff) (4)
- सिरदर्द(Headaches) (2)
- सूखी खांसी(cough) (5)
- सौंदर्य(beauty) (1)
- सौन्दर्य(Beauty) (2)
- स्त्री-रोग(Female - Diseases) (6)
- स्मृति वर्धक(Enhanced memory) (10)
- स्वप्नदोष(night fall) (8)
- हड्डी(bone) (2)
- हार्ट-अटैक(heart attack) (3)
- हृदय रोग(Heart disease) (11)
teaser
teaser
mediabar
Páginas
Powered by Blogger.
Link list 3
- 1.AP (74)
- 1.Fruits and Other Food items for Health (42)
- 1.Helpful Tips(उपयोगी युक्तियाँ (4)
- 1.Homoeopatic Medicine (2)
- 1.Quote(सूक्तियाँ) (4)
- 1.आयुर्वेदिक जड़ी बूटीयाँ( Ayurvedic Herbs) (15)
- 1.ऋतुचर्या(Season Diet) (7)
- 1.क्या करे क्या ना करे(Kya Kare Kya Na Kare) (30)
- 1.मंत्र विज्ञान(Mantra Vigyan) (10)
- 1.मुद्रा(Mudra) (11)
- 1.योग और प्राणायाम(yog and pranayam) (11)
- 1.योगासन(Asanas) (22)
- 1.रोग और निदान(Disease and Diagnosis) (79)
- 1.वास्तु विज्ञान(Vastu Vigyan) (17)
- 1.स्वरोदय विज्ञान(Swroday Vigyan) (18)
- Articles (106)
- Food Supplements (5)
- अतिसार(Diarrhea) (1)
- अनिद्रा (Insomnia) (1)
- अरुचि (anorexia) (5)
- अर्क(Ark) (6)
- अवसाद (Depression) (1)
- आंख(eye) (6)
- आयुर्वेदिक वटी (Tablets) (19)
- उच्चरक्तचाप(hypertension) (2)
- एड्स (AIDS) (1)
- एसिडिटी(acidity) (2)
- कब्ज(Constipation) (5)
- कान(ear) (1)
- कृमि नाशक(Worm Killer) (1)
- कैंसर (cancer) (5)
- कोलेस्ट्रोल(Cholesterol) (1)
- क्षय रोग (Tuberculosis) (1)
- खांसी(cough) (2)
- खीलें (Pimples) (1)
- गठिया (Arthritis) (6)
- गर्भपोषक (2)
- गले के रोग (Diseases of the throat) (1)
- गैस(gas) (9)
- घुटने का दर्द (knee pain) (4)
- चूर्ण(Churna) (11)
- जलन(irritation) (2)
- जोड़ों के दर्द(Joint Pain) (5)
- ज्वर (Fever) (2)
- डायबिटीज(Diabetes) (2)
- त्रिदोष नाशक(tridosha destructor ) (3)
- त्वचा विकार (skin disorders) (8)
- थकावट(exhaustion) (8)
- दमा(asthma ) (6)
- दाँत(teeth) (3)
- दाँतों का दर्द(Dental Pain) (2)
- दाद-खाज खुज़ली(Ringworm) (4)
- नाक(Nose) (1)
- पित्त(Bile) (8)
- पीलीया( Piliya) (8)
- पौष्टिक (nutritious) (15)
- फटी एड़ियाँ(cracked soles) (1)
- फिनायल(Phenyle) (1)
- बदहजमी(indigestion) (3)
- बलप्रद (17)
- बवासीर(Piles) (2)
- बाल (hair) (5)
- भस्म (Mineral Compound) (3)
- मिर्गी(Epilepsy) (5)
- मूत्र-सबंधी विकार (7)
- मोच (Sprain) (2)
- यकृत(Liver) (1)
- रक्त विकार(blood disorders) (4)
- रक्त शुद्धक(purifies blood) (6)
- रक्तचाप(blood pressure) (1)
- रक्ताल्पता(anemia) (4)
- लिवर(Liver) (9)
- विष(Poison) (5)
- वीर्यदोष (5)
- वीर्यवर्धक (16)
- शर्बत(Sharbat) (4)
- शीतल(Cold) (6)
- श्वासनली(respiratory) (2)
- सफाई(cleaning) (1)
- सर का दर्द(Headache) (1)
- सिर की रुसी( Dandruff) (4)
- सिरदर्द(Headaches) (2)
- सूखी खांसी(cough) (5)
- सौंदर्य(beauty) (1)
- सौन्दर्य(Beauty) (2)
- स्त्री-रोग(Female - Diseases) (6)
- स्मृति वर्धक(Enhanced memory) (10)
- स्वप्नदोष(night fall) (8)
- हड्डी(bone) (2)
- हार्ट-अटैक(heart attack) (3)
- हृदय रोग(Heart disease) (11)
.jpg)





+%E0%A4%95%E0%A5%80+%E0%A4%AA%E0%A5%8D%E0%A4%B0%E0%A4%BE%E0%A4%95%E0%A4%B0%E0%A5%8D%E0%A4%A4%E0%A4%BF%E0%A4%95+%E0%A4%9A%E0%A4%BF%E0%A4%95%E0%A4%BF%E0%A4%A4%E0%A5%8D%E0%A4%B8%E0%A4%BE.jpg)


